Archive | March 2021

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15 वर्षीय ग्रामीण  बालक सविंदर पाल के ऊपर परमपूज्य गुरुदेव का आशीर्वाद , भाग 2

31  मार्च 2021  का ज्ञानप्रसाद  15 वर्षीय ग्रामीण  बालक सविंदर पाल के ऊपर परमपूज्य गुरुदेव का आशीर्वाद , भाग 2  मित्रो, आज का लेख सविंदर पाल  जी के गायत्री महायज्ञ के संदर्भ में दूसरा और अंतिम भाग है।  हमने बहुत प्रयास किया है कि आपके समक्ष प्रस्तुत करने से पहले इस लेख में कोई भी […]

15 वर्ष के बालक सविंदर पाल के ऊपर परमपूज्य गुरुदेव का आशीर्वाद , भाग 1

30  मार्च 2021  का ज्ञानप्रसाद  15 वर्ष के बालक सविंदर पाल के ऊपर परमपूज्य गुरुदेव का आशीर्वाद , भाग 1  मित्रो, अपने पिछले लेख में हमने आदरणीय सविंदर पाल  जी के बारे में जानकारी दी थी ,आज प्रस्तुत है उनके जीवन का  1995 का  अविस्मरणीय संस्मरण जब वह केवल 15 वर्ष के थे और हाई  […]

पशुपति बिस्कुट कंपनी कानपूर के श्री रामप्रकाश जेसलानी जी की कथा

28 मार्च 2021 का ज्ञानप्रसाद  मित्रो आज के  ज्ञानप्रसाद के साथ कोई चित्र नहीं है। इसका कारण लेख की लम्बाई है। पशुपति बिस्कुट कंपनी कानपूर के श्री रामप्रकाश जेसलानी जी की कथा इतनी आश्चृर्यजनक ,अविश्वसनीय परन्तु सत्य है कि गुरुदेव की शक्ति पर एकबार फिर मोहर लगा सकते हैं  यह जीवन  उनका ही  है श्री […]

पूज्य गुरुदेव का आदर्श  दाम्पत्य जीवन 

26 मार्च 2021 का ज्ञानप्रदसाद  स्नेहिल आत्मस्वरूप  ऑनलाइन ज्ञानरथ परिजनों को ह्रदय से नमन, सुप्रभात एवं शुभदिन। हर लेख लिखते समय  हमारा यही प्रयास रहता है कि जैसे-जैसे हमारे परिजन लेख पढ़ते  जाएँ उन्हें आभास होता जाये  कि वह उसी स्थान पर ,उसी वातावरण में हमारे साथ ,गुरुदेव के साथ -साथ चल रहे हैं।  इसीलिए […]

पूज्यवर ने मूली खा कर ही पेट भर लिया :

24 मार्च 2021 का ज्ञानप्रसाद  पूज्यवर ने मूली खा कर ही पेट भर लिया : गुरुदेव का व्यवहार इतना सरल था कि उन्हें देख कर कोई समझ ही नहीं पता था कि  वह इतने बड़े महापुरुष हैं। एक बार वे नीचे किसी काम में  व्यस्त थे ।  उन्हें  भूख लगी। ठंड के दिन थे ,बगीचे […]

ऋषियुग्म की झांकी -पार्ट 1

23  मार्च 2021  का ज्ञानप्रसाद  ऑनलाइन ज्ञानरथ के सहकर्मी, हमारे सहकर्मी देख रहे होंगें कि  अपने लेखों के साथ -साथ हम आपको उन दिव्य स्थानों के दर्शन भी करवा रहे हैं जिन्हें देखने का सौभाग्य हमें प्राप्त हुआ है और हमने ही अपने कैमरे  से शूट किया। यह सभी चित्र जो हम आपके समक्ष प्रस्तुत […]

पंडित लीलापत शर्मा जी का संघर्षमय जीवन

20 मार्च 2021 का ज्ञानप्रसाद – पंडित लीलापत शर्मा जी का संघर्षमय जीवन पत्र पाथेय नामक पुस्तक में परमपूज्य गुरुदेव और पंडित जी के बीच लिखे पत्रों को बहुत ही अच्छे ढंग से क्रमबार संगृहीत किया हुआ है। एक -एक पत्र को पढ़ने से पता चलता है कि गुरुदेव ने पंडित जी को अपनी गृहस्थ […]

पंडित लीलापत शर्मा जी के जीवन क्षण

18  मार्च 2021  का ज्ञानप्रसाद    मित्रो,हमें तो विश्वास  ही नहीं था कि इतना विस्तृत जानकारी इतने कम समय में आपके समक्ष प्रस्तुत कर सकेंगें।  जिस पुस्तक का कल वाले लेख में रिफरेन्स दिया था वह अंग्रेजी में है और उसे समझना ,हिंदी में अनुवाद करना ,फिर सरल भाषा में प्रस्तुत करना एक बहुत ही कठिन […]

पंडित लीलापत शर्मा जी काअद्भुत प्रयास

17 मार्च  2021 का ज्ञानप्रसाद  आशा करते हैं हमारे ,ऑनलाइन ज्ञानरथ के सभी सूझवान एवं समर्पित सहकर्मी कुशल मंगल होंगें और हम तो सदैव ही उनके  लिए मंगल कामना करते हैं।   पिछले एक -दो दिन से हम ज्ञानरथ के लिए कुछ अद्भुत ,अविस्मरणीय  कंटेंट तलाश करने में व्यस्त रहे।  सहकर्मियों के साथ सम्पर्क रहा तो […]

“आत्मा और परमात्मा के समन्वय” का दूसरा और अंतिम भाग(अखंड ज्योति मार्च 2021 )

14 मार्च 2021 का ज्ञानप्रसाद आज का लेख “आत्मा और परमात्मा के समन्वय” का दूसरा और अंतिम भाग है। दोनों लेखों को हमने अधिक से अधिक सरल बनाने का प्रयास किया है ,कितना सफल हुए हैं यह तो आप सब ही बतायेगें लेकिन एक बात पूर्णतया स्पष्ट है क़ि यह टॉपिक बहुत ही पेचीदा और […]

आत्मा और परमात्मा का समन्वय (अखंड ज्योति मार्च 2021 )

 13  मार्च 2021  का ज्ञानप्रसाद  हर इंसान में  विराजित है परमात्मा मित्रो! हम सब के सामने एक सूत्र  आता है जिसका  नाम है परमात्मा। परमात्मा क्या होता है? बहुत ही सुंदर और दिलचस्प प्रश्न है ,है न।  हर कोई परमात्मा को पाने की होड़ में लगा हुआ है। परमात्मा को पाने के लिए  तरह -तरह […]

क्या हम अपने परमपिता भगवान को निराश कर रहे हैं ? पार्ट 2

  11 मार्च  2021  का ज्ञानप्रसाद – कल वाले लेख का दूसरा एवं अंतिम भाग आज का लेख 6  पन्नों का है ,  2  पन्ने अधिक हैं  लेकिन ध्यान से ,सतर्क होकर पढ़ने  की आवश्यकता है।  अत्यंत परिश्रम से लिखे हुए इस लेख से बहुत महत्वपूर्ण मार्गदर्शन मिलने की संभावना  है।  भगवान का सहारा लीजिए […]

क्या हम अपने परमपिता भगवान को निराश कर रहे हैं ? पार्ट 1

10 मार्च 2021  का ज्ञानप्रसाद  आज का ज्ञान प्रसाद हमने गुरुवर की धरोहर पार्ट 4 पर आधारित किया है। चार खंडों में लिखी यह पुस्तकें गुरुदेव के उद्बोधनों पर आधारित हैं।  जिन सहकर्मियों  को गुरुदेव के प्रत्यक्ष दर्शन एवं उद्बोधन सुनने का सौभाग्य प्राप्त न हो सका  उनके लिए यह संग्रह एक अमूल्य अनुदान है। […]

परमपूज्य गुरुदेव की 75 वीं वर्षगांठ की पूर्व वेला में दिया गया सन्देश पार्ट 2

8 मार्च 2021 का ज्ञानप्रसाद -गुरुवर  की धरोहर-  पार्ट 4  आज का लेख 6  मार्च  के लेख का दूसरा और अंतिम भाग है।  लेख आरम्भ करने से पूर्व अगर हम यह कहें कि इस लेख में गुरुदेव को  हमसे कुछ अपेक्षाएं हैं तो गलत नहीं होगा। आखिर हो भी क्यों न , पिता अपने बच्चों से […]

परमपूज्य गुरुदेव की 75वीं  वर्षगांठ की पूर्व वेला में दिया गया संदेश

6  मार्च 2021  का ज्ञान प्रसाद -गुरुवर  की धरोहर-  पार्ट 4   गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ, ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो योनः प्रचोदयात्। देवियो, भाइयो! आज रक्षाबंधन का सामूहिक पर्व है। यह संकल्प का पर्व है। कर्त्तव्य-निर्धारण का पर्व है। आज हमारे ध्यान के दो केन्द्र हैं-  एक तो भगवान् जो हमें धक्का देता […]

परमपूज्य गुरुदेव के पत्र बहुमूल्य हीरे

  5  मार्च 2021  का ज्ञानप्रसाद    ” पत्र  पाथेय शीर्षक ”  वाली 183   पन्नों की पुस्तक  एक बहुत ही अद्भुत पुस्तक है। पाथेय का अर्थ है -वह खाने -पीने वाली वस्तुएं जो कोई यात्री अपने साथ रखता है।  आपकी जीवन यात्रा में इस पुस्तक में  दिया गया ज्ञान किसी भी खाद्य पदार्थ की तुलना […]

युगतीर्थ शांतिकुंज की स्वाभलम्बन कार्यशाला – युवाओं के लिए एक अतिप्रेणादायक इंटरव्यू

4 मार्च 2021सबसे पहले तो उन सभी सहकर्मियों का ह्रदय से आभार जिन्होंने हमारे ” सुझाव ” का सम्मान किया और जुट गए सम्पर्क साधना में। कानपुर से लेकर नोइडा तक और दिल्ली से लेकर बिहार तक सभी ने इस पुरषार्थ को, सुझाव को न केवल समर्थन दिया है बल्कि अपना योगदान भी डाला है। […]

शांतिकुंज में फरवरी 1986 का वसंत पर्व part2

ऑनलाइन ज्ञानरथ की ओर  से 2   मार्च 2021  की सुप्रभात एवं शुभ दिन की कामना  फरवरी 1986  का वसंत एक ऐतिहासिक वसंत था। परमपूज्य गुरुदेव दो वर्ष की  सूक्ष्मीकरण साधना के उपरांत अपने बच्चों के समक्ष उद्बोधन कर रहे थे। अगर हम उस सारे के सारे उद्बोधन को आपके समक्ष प्रस्तुत करें तो एक […]